
वाराणसी – बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) ने एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए विदेशी छात्रों के लिए एक ऐसा माहौल तैयार किया है जहाँ न सिर्फ शिक्षा का स्तर अंतरराष्ट्रीय होगा, बल्कि उन्हें मिलने वाले अवसर भी बेहद खास होंगे। अब विदेशी छात्रों को भी BHU में 15 प्रकार की छात्रवृत्तियाँ (Scholarships) मिलेंगी, जो उन्हें आत्मनिर्भर, शिक्षित और प्रेरित बनाएंगी।
यह कदम इंस्टीट्यूट ऑफ एमिनेंस (IoE) की पहल के अंतर्गत उठाया गया है, जिसका उद्देश्य BHU को वैश्विक स्तर पर एक अग्रणी विश्वविद्यालय के रूप में स्थापित करना है।
📚 इन प्रमुख छात्रवृत्ति योजनाओं में विदेशी छात्र भी होंगे शामिल
🔹 1. टीच फॉर BHU (Teach for BHU)
पीएचडी छात्र विभागों में एक वर्ष तक पढ़ा सकते हैं।
इसके लिए ₹50,000 तक का मानदेय दिया जाता है।
🔹 2. अर्न व्हाइल लर्न (Earn While Learn)
पढ़ाई के साथ कमाई का बेहतरीन मौका।
स्किल डेवलपमेंट और आत्मनिर्भरता की दिशा में कदम।
🔹 3. एनी बेसेंट फेलोशिप प्रोग्राम
प्रेरणादायक विचारक एनी बेसेंट के नाम पर शुरू की गई यह योजना मेधावी शोधार्थियों को समर्पित है।
🌐 BHU की वैश्विक पहचान में नया अध्याय
BHU के प्रवेश सेल समन्वयक प्रो. भास्कर भट्टाचार्य के अनुसार, विश्वविद्यालय पूरी तरह से प्रतिबद्ध है कि अंतरराष्ट्रीय छात्रों को वही अवसर और सुविधाएं प्रदान की जाएँ जो भारतीय छात्रों को मिलती हैं।
इंस्पिरेशन कॉर्नर: विनीता सिंह की सफलता
राजनीति विज्ञान विभाग की शोध छात्रा विनीता सिंह ने कोरियन एसोसिएशन फॉर पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन के अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में अपना शोधपत्र प्रस्तुत किया। उनका विषय था –
“उत्तर प्रदेश प्रांतीय सिविल सेवा में महिलाओं की सेवा स्थितियां एवं कॅरियर उन्नयनः एक संस्थागत विश्लेषण”।
यह सम्मेलन सियोल नेशनल यूनिवर्सिटी द्वारा आयोजित किया गया।
यह दर्शाता है कि BHU छात्रों को वैश्विक मंचों पर भी अपनी पहचान बनाने का अवसर देता है।
: BHU – एक अंतरराष्ट्रीय छात्र के लिए स्वर्णिम भविष्य
“विदेशी छात्र अब BHU में केवल पढ़ाई नहीं करेंगे, बल्कि वे एक प्रेरणादायक यात्रा पर निकलेंगे – आत्मनिर्भरता, स्किल्स, रिसर्च और ग्लोबल नेटवर्किंग की दिशा में।”
अगर आप एक विदेशी छात्र हैं, तो यह मौका आपके सपनों को पंख देने जैसा है।
BHU में एडमिशन लीजिए, छात्रवृत्ति पाइए और एक अंतरराष्ट्रीय करियर की नींव रखिए।